जयपुर: 5 साल की मासूम पर आवारा कुत्ते ने किया हमला, दांतों से फेफड़े के अंदर हुआ छेद

ADVERTISEMENT

Rajasthantak
social share
google news

Jaipur news: प्रदेश की राजधानी जयपुर में आवारा कुत्तों का आतंक बढ़ रहा है. जहां आए दिन आवारा कुत्ते मासूम बच्चों को शिकार बना रहे हैं. ताजा मामला जयपुर के शाहपुरा का है, यहां एक आवारा कुत्ते 5 साल की मासूम बच्ची पर हमला कर दिया. जो जयपुर के जेके लोन अस्पताल में जिंदगी और मौत से संघर्ष कर रही है.

दरअसल जयपुर के शाहपुरा में 5 साल की मासूम शीतल को आवारा कुत्ते ने नोंच दिया. मनोहरपुर पंचायत के कोरोलाडखानी की बच्ची स्कूल जा रही थी. इस दौरान आवारा कुत्ते ने काट लिया. उसके बाद बच्ची को पास के ही अस्पताल में भर्ती कराया गया. हालत ज्यादा बिगड़ी तो 25 तारीख को जयपुर के जेके लोन अस्पताल में रेफर किया. जहां 5 साल की शीतल अस्पताल के आईसीयू वार्ड में जिंदगी से जंग लड़ रही है.

जेके लोन अस्पताल के उप अधीक्षक डॉ हरिराम मीणा का कहना है कि बच्ची को कई जगह से काटा है. लेकिन एक जगह दांत गहरे लगे हैं. उसकी वजह से फेफड़े के अंदर छेद हो गया था और सांस लेने में तकलीफ थी. जिससे शरीर पर सूजन आ गई थी. इसके बाद एसएमएस अस्पताल में वैक्सीनेशन लगवाया. फिलहार सर्जिकल आईसीयू में पूर्व अधीक्षक डॉ अरविंद शुक्ला की देखरेख में इलाज चल रहा है. बच्ची अब स्टेबल है, टेस्ट ट्यूब डली हुई और बच्ची अब बात कर रही है. अंदर जो घाव है अब वह भरते जा रहे हैं. वैक्सीनेशन भी प्रॉपर हो रही है.

ADVERTISEMENT

यह भी पढ़ें...

वहीं अस्पताल में बच्चे का हाल-चाल जानने के लिए पहुंचे शाहपुरा से निर्दलीय विधायक आलोक बेनीवाल का कहना है कि मुझे जैसे ही सूचना मिली डॉक्टर को फोन कर बच्ची से मिलने आया हूं. निश्चित इसमें जो भी कानूनी तौर पर काम करना है, संबंधित मंत्री और अधिकारियों को भी अवगत करवाया जाएगा.

वहीं घायल बच्ची के चाचा राजेश प्रजापत का कहना है कि बच्ची स्कूल जा रही थी. उसके साथ और भी बच्चे थे आवारा कुत्ते ने जैसे ही हमला किया और बच्चे तो भाग गए. शीतल को इस तरह से पकड़ लिया कि वह उठ नहीं पाई और बहुत ही बुरी तरह से काटा. स्थानीय अस्पताल में कुछ नहीं किया, पट्टी कर दी और जयपुर के ट्रॉमा में रेफर कर दिया. वहां पर 2 दिन रही बच्ची कोई केयर नहीं हुई. ज्यादा उल्टी होने पर जयपुर लेकर आए. परिजनों का कहना है कि प्रशासन को अवारा कुत्तों की पकड़ करनी चाहिए.

ADVERTISEMENT

    ADVERTISEMENT